1 अप्रैल से लागू होगा इंटर स्टेट ई-वे बिल, GST काउंसिल की बैठक में बड़ा फैसला

शेयर करें:

उद्योग व व्यवसाय जगत के लिये माल एवं सेवाकर (जीएसटी) रिटर्न भरने की मौजूदा व्यवस्था जून तक जारी रहेगी. जीएसटी परिषद ने शनिवार को हुई अपनी बैठक में रिटर्न दर्ज करने की मौजूदा जीएसटीआर- 3 बी व्यवस्था को तीन माह के लिये बढ़ा दिया है. वित्त मंत्री अरुण जेटली ने जीएसटी परिषद की बैठक के बाद मीडिया को यह जानकारी दी. उन्होंने कहा कि एक राज्य से दूसरे राज्य में माल की आवाजाही के लिये इलेक्ट्रानिक- वे बिल यानी ई- वे बिल को एक अप्रैल से लागू किया जाएगा.

हालांकि, उन्होंने कहा कि किसी राज्य के भीतर ई-वे बिल को 15 अप्रैल से चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा और एक जून तक सभी राज्यों में इसे लागू कर दिया जाएगा. जीएसटी परिषद आज की बैठक में जीएसटी के सरल फार्म के बारे में किसी निर्णय पर नहीं पहुंच सकी. परिषद ने इस संबंध में बिहार के उप- मुख्यमंत्री सुशील मोदी की अध्यक्षता वाली समिति को एक पन्ने का फार्म तैयार करने को कहा है जो कि सरल हो और कर चोरी से निजात दिलाने वाला हो.

जेटली ने कहा कि जीएसटी रिटर्न दाखिल करने की मौजूदा व्यवस्था जीएसटीआर-3 बी को ही तीन माह के लिये बढ़ा दिया गया है. इसके साथ ही निर्यातकों को दी गई कर छूट को भी छह माह यानी सितंबर तक जारी रखने का फैसला किया गया है.