शिक्षक दिवस: दार्शनिक व महान वक्ता थे डॉ. राधाकृष्णन

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आज देश के दूसरे राष्ट्रपति और महान शिक्षाविद् डा. सर्वपल्ली राधाकृष्णन का जन्मदिन है। डा. राधाकृष्णन की जयंती को 1962 से हर साल शिक्षक दिवस के तौर पर मनाया जाता है। राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को शिक्षक दिवस की बधाई दी है। उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू शिक्षक दिवस के मौके पर आज देशभर के 300 से भी अधिक शिक्षकों को नई दिल्ली में राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान करेंगे।

महान शिक्षाविद् और देश के पूर्व राष्ट्रपति डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्‍णन के जन्मदिवस यानि 5 सितंबर को हर साल शिक्षक दिवस के तौर पर मनाया जाता है। एक बार डॉ. राधाकृष्णन के कुछ छात्रों और दोस्तों ने उनसे कहा कि वो उनके जन्मदिन को सेलिब्रेट करना चाहते हैं। इसके जवाब में उन्होंने कहा कि मेरा जन्मदिन अलग से मनाने की बजाए इसे शिक्षक दिवस के रूप में मनाया जाएगा तो मुझे गर्व महसूस होगा।

तभी से हर साल देश में 5 सितंबर को शिक्षक दिवस के तौर पर मनाया जाने लगा। इस दिन हम इस महान शिक्षाविद् को याद करते हैं और अपने उन सभी शिक्षकों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हैं जिन्होंने हमारी जिंदगी में ज्ञान का दीपक जलाया है।

शिक्षक का उच्च दर्ज़ा किसी से छिपा नहीं है। इंसान को तराश कर हीरे की तरह निखारने और बहुमूल्य बनाने का काम एक शिक्षक ही करता है। शिक्षक एक बच्चे को शिक्षा की माला पहनाकर उसे आत्मसम्मान पूर्वक ज़िंदगी जीने की कला सिखाता है। 5 सितंबर को उन्ही शिक्षकों के सम्मान में उनकी मेहनत और उनके योगदान को स्वीकार करने का दिन है।

शिक्षक दिवस के मौके पर देश में हर साल शिक्षकों को सम्मानित करने की परंपरा है। इस बार भी देशभर के 319 शिक्षकों को राष्ट्रीय अवार्ड दिया जाएगा, जिन्हें उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू नई दिल्ली में सम्मानित करेंगे।