सुषमा स्वराज का 67 साल की उम्र में निधन, लोगों ने ऐसे किया याद

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भारतीय जनता पार्टी की कद्दावर नेता सुषमा स्वराज का मंगलवार की देर रात दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया. वह 67 वर्ष की थीं. उन्हें दिल का दौरा पड़ने के बाद मंगलवार रात दिल्ली के एम्स में भर्ती कराया गया था. एम्स पहुंचने के कुछ देर बाद ही डॉक्टर्स ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. डॉक्टर्स ने बताया कि उनकी मौत कार्डिएक अरेस्ट की वजह से हुई है.

सुषमा पिछले काफी समय से बीमार चल रही थीं और इसी वजह से उन्होंने 2019 में लोकसभा चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया था. सूत्रों की मानें तो उन्हें हार्ट अटैक आने के बाद यहां लाया गया था. एम्स के पांच डॉक्टर्स की देख-रेख में उनका इलाज किया जा रहा था. पूर्व विदेश मंत्री को इससे पहले भी किडनी फेल होने की समस्या के चलते यहां भर्ती कराया गया था. साल 2016 में किडनी खराब होने के कारण उन्हें डायलिसिस पर रखा गया था. लेकिन ट्रीटमेंट के बाद उनकी हालत में सुधार आ गया था. इलाज के बाद से ही वह राजनीति में थोड़ा कम सक्रिय हो गई थीं.

किडनी ट्रांसप्लांट से बढ़ी समस्या

दिसंबर 2016 में सुषमा का किडनी ट्रांसप्लांट किया गया था. इसके अलावा वह डायबिटीज की पुरानी बीमारी से भी जूझ रही थीं. सुषमा करीब 20 साल से भी ज्यादा समय से डायबिटीज की पीड़ित थीं. डायबिटीज होने के बाद ही उनकी किडनी खराब हुई थी. हर साल किडनी की बीमारी के चलते लाखों लोग अपनी जान गंवा देते हैं. किडनी की बीमारी के लक्षण उस वक्त उभरकर सामने आते हैं, जब किडनी 60 से 65 प्रतिशत खराब हो चुकी होती है. इसलिए इसे साइलेंट किलर भी कहा जाता है.

सुषमा स्वराज के निधन से हर कोई दुखी है. पीएम नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, राहुल गांधी समेत देश-दुनिया के नेताओं ने उनके निधन पर शोक जताया है.

बीजेपी के कार्यकारी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा कि सुषमा स्वराज के पार्थिव शरीर को उनके आवास भवन दीप पर ले जाया गया. उनके पार्थिव शरीर को आज सुबह 11 बजे तक भवन दीप में रखा जाएगा. जहां अंतिम दर्शन किए जा सकेंगे. उसके बाद पार्थिव शरीर को 12 बजे बीजेपी मुख्यालय रखा जाएगा. 12 बजे से 3 बजे तक उनके पार्थिव शरीर को कार्यालय में रखा जाएगा. जहां अंति दर्शन किए जा सकेंगे. दोपहर तीन बजे के बाद अंतिम संस्कार किया जाएगा.

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने सुषमा स्वराज के निधन पर दुख जताते हुए कहा कि देश ने अपनी एक प्रिय बेटी खो दी है।

उनके निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट कर कहा कि भारत एक उल्लेखनीय नेता के निधन पर शोक व्यक्त करता है, जिन्होंने अपना जीवन सार्वजनिक सेवा और गरीबों के लिए समर्पित किया. सुषमा स्वराज करोड़ों लोगों के लिए प्रेरणा स्रोत थीं.

उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने दुख जताते हुए कहा कि सुषमा स्वराज का निधन देश के बहुत बड़ी क्षति है और यह मेरी निजी क्षति भी है।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने ट्वीट करते किया कि सुषमा स्वराज जी का निधन भाजपा और भारतीय राजनीति के लिए बहुत बड़ी क्षति है। मैं उनके परिवार, समर्थकों और सभी भाजपा कार्यकर्ताओं की ओर से शुभचिंतकों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं।

पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी ट्वीट करते हुए सुषमा स्वराज के निधन पर शोक व्यक्त किया।उन्होंने कहा कि मैं सुषमा स्वराज जी के निधन के बारे में सुनकर हैरान हूं। दुख की इस घड़ी में उनके परिवार के प्रति मेरी संवेदना। उसकी आत्मा को शांति मिले।

उनके निधन की सूचना के बाद कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद एम्स पहुंचे. उन्होंने कहा कि कभी हम कल्पना भी नहीं कर सकते थे कि इतनी छोटी उम्र में छोड़कर चले जाएंगे. वो हमें भाई कहते थे. हमने अपनी बहन खो दी.