सीएम से मिले सुरेंद्र सिंह शेरा भनोट ने कहा बीजेपी बताएं कहां है मिसिंग विधायक

शेयर करें:

भोपाल. प्रदेश के सियासी घमासान के बीच हर पल घट रहे घटनाक्रम में शनिवार को एक नई तस्वीर सामने आई. लंबे समय से लापता और बेंगलुरु में डेरा डाले बुरहानपुर से निर्दलीय विधायक सुरेंद्र सिंह शेरा (Surendra Singh Shera) आज भोपाल पहुंचे. मंत्री पीसी शर्मा (PC Sharma) उन्हें एयरपोर्ट से सीधे सीएम हाउस लेकर पहुंचे, जहां सुरेंद्र सिंह की मुलाकात मुख्यमंत्री कमलनाथ से हुई. इस दौरान सुरेंद्र सिंह शेरा ने सरकार को आशवस्त किया कि वो कि वो पूरी तरह से सरकार के साथ हैं. इसके बाद एक तस्वीर सामने आई जिसमें सुरेंद्र सिंह शेरा अपनी पत्नि के साथ सीएम कमलनाथ के साथ विनिंग मुद्रा में नजर आए. इस तस्वीर में सुरेंद्र सिंह शेरा सीएम कमलनाथ की जीत के लिए विक्ट्री का साइन देते नजर आए.

उम्मीद है कि मंत्री बनाएंगे, समर्थन जारी रहेगा
सीएम से मुलाकात के बाद सुरेंद्र सिंह शेरा ने कहा कि उनकी मुख्यमंत्री से मुलाकात क्षेत्र के विकास को लेकर थी.  न्यूज18 से चर्चा में सुरेंद्र सिंह शेरा ने कहा है कि मेरे साथ कर्नाटक के लोगों ने बदसलूकी की. मेरे परिवार को भी गाड़ी से उतारा गया. उन्होंने कहा कि मेरे साथ बेंगलुरु में कोई कांग्रेस का विधायक नहीं था और मैं किसी भी बदसलूकी के खिलाफ एफआईआर दर्ज नही कराऊंगा. मुख्यमंत्री कमलनाथ से मुलाकात पर कहा है कि जिस दिन से मैं विधायक बना हूं उम्मीद है कि मुझे मंत्री बनाया जाएगा. सरकार के समर्थन पर कहा है कि वो जारी रहेगा. सुरेंद्र सिंह ने बैंगलुरु दौरे के पीछे पारिवारिक कारण बताया है.

सरकार ने ली राहत की सांसप्रदेश में चल रही उठापटक के बीच कांग्रेस के 3 विधायक बिसाहूलाल सिंह, रघुराज कंसाना, हरदीप सिंह डंग और निर्दलीय विधायक सुरेंद्र सिंह शेरा भी बेंगलुरु में थे. कहा जा रहा था कि बीजेपी नेताओं ने चारों विधायक को बेंगलुरु में बंधक बना रखा है. हालांकि सुरेंद्र सिंह शेरा से फोन पर चर्चा हो गई थी लेकिन बाकी तीन विधायक अब भी सरकार के संपर्क से बाहर है. बताया जा रहा है कि कमलनाथ सरकार को अस्थिर करने के लिए विधायकों को बेंगलुरु ले जाया गया है लेकिन सरकार को बाहर से समर्थन दे रहे निर्दलीय विधायक शेरा के भोपाल लौटने पर सरकार ने थोड़ी राहत जरुर ली है.

बीजेपी बताए कहां हैं बाकी विधायक
वित्त मंत्री तरुण भनोत ने कहा है कि सुरेंद्र सिंह शेरा हमारे परिवार के सदस्य हैं. सीएम कमलनाथ से तीन दशक से उनके रिश्ते हैं. बेंगलुरु में उनके साथ जो बर्ताव हुआ है वो निंदनीय है. सरकार से निर्दलीय विधायक की कोई नाराजगी नहीं है. मंत्रिमंडल में जगह मिलने पर कहा कि हर कोई चाहता है कि उसे मंत्रिमंडल में जगह मिले. मिसिंग तीनों विधायकों पर कहा कि ये बीजेपी नेताओं को बताना चाहिए कि उन विधायकों को कहां रखा गया है