प्रधानमंत्री की ऐतिहासिक पश्चिम एशिया यात्रा

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, फिलीस्‍तीन, संयुक्‍त अरब अमीरात और ओमान की चार दिन की यात्रा पर नौ फरवरी को रवाना होंगे। पीएम मोदी फलस्तीन जाने वाले पहले भारतीय प्रधानमंत्री होंगे। उनका पश्चिम एशिया देशों का यह दौरा काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रधानमंत्री 10 फरवरी को फलस्तीन के रामल्लाह जाएंगे। पीएम की इस यात्रा से ना केवल दोनों पक्षों के बीच परस्परिक रिश्ते और मजबूत होंगे बल्कि आर्थिक संबंधों को भी बढावा मिलेगा । शुक्रवार को पीएम मोदी चार दिन की फलस्तीन , संयुक्त अरब अमीरात और ओमान की यात्रा पर रवाना हो रहे हैं जहां उनका ध्यान इन देशों के साथ आपसी सहयोग को बढाने पर होगा ।

पीएम की यात्रा का पहला पड़ाव होगा फलस्तीन । पीएम 10 फरवरी को फलस्तीन के रामल्लाह जाएंगे। किसी भारतीय पीएम की ये पहली रामल्ला यात्रा होगी । पीएम की इस यात्रा से ना केवल दोनों पक्षों के बीच परस्परिक रिश्ते और मजबूत होंगे बल्कि आर्थिक संबंधों को भी बढावा मिलेगा । इस दौरान पीएम यासर अराफात को श्रद्धांजलि देने के साथ ही फलस्तीन के राष्ट्रपति महमूद अब्बास के साथ एक बैठक करेंगे । महमूद अब्बास पिछले साल मई में भारत आए थे और जिस दौरान पीएम ने फलस्तीन के प्रति भारत के समर्थन का भरोसा दिलाया था। भारत का कहना है कि फलस्तीन के प्रति उसकी नीति में कोई बदलाव नहीं हुआ है ।

प्रधानमंत्री 9 फरवरी को ओमान, संयुक्त अरब अमीरात और फलस्तीन की ऐतिहासिक यात्रा पर होंगे रवाना। फलस्‍तीन का दौरा करने वाले होंगे पहले प्रधानमंत्री। दुबई में छठी World Government Summit को करेंगे संबोधित।

इसके बाद पीएम संयुक्त अरब अमीरात की यात्रा करेंगे। पीएम मोदी की ये दूसरी यूएई यात्रा होगी । इससे पहले अगस्त 2015 में वो यूएई गए थे।पीएम की इस यात्रा से दोनों पक्षों के बीच राजनयिक, आर्थिक और सुरक्षा क्षेत्र में सहयोग और मजबूत होगा। पीएम अबू धाबी के युवराज शेख मोहम्मद बिन जायेदके साथ द्विपक्षीय मुलाकात करने के साथ ही दुबई में छठे वार्षिक विश्व प्रशासन शिखर सम्मेलन को भी संबोधित करेंगे। इस सम्मेलन में भविष्य की चुनौतियों, प्रौद्योगिकी और प्रव्रियाओं के विषय पर चर्चा होती है। दोनों देशों के बीत रक्षा और सुरक्षा सहयोग का प्रमुख बिंदु है ।

द्विपक्षीय बैठकों के अलावा प्रधानमंत्री दुबई के अपने प्रवास में यहां ओपेरा हाउस में भारतीय समुदाय को भी संबोधित करेंगे और अबू धाबी में हिंदू मंदिर की आधारशिला रखेंगे । पीएम की यात्रा का अगला पडाव ओमान होगा जो पीएम मोदी की इस देश की पहली यात्रा होगी । ओमान में पीएम वहां के नेताओं के साथ द्पिक्षीय मुलाकातें करेंगे जिसमें व्यापार और रक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढाने पर जोर होगा।

भारत और ओमान के बीच द्विपक्षीय व्यापार और निवेश मजबूत बना हुआ है और सरकार का जोर इसे और बढाने पर है ।पीएम इसके लिए ओमान के बडी कंपनियों के सीईओ से मुलाकात करेंगे। पीएम मोदी मस्कट में भारतीय समुदाय से भी मिलेंगे और साथ ही एक शिव मंदिर और मस्जिद का भी दौरा करेंगे। तीनों देशों की यात्रा में आतंकवाद के खिलाफ जंग और सुरक्षा एक बडा अहम मुद्दा होगा ।

कुल मिलाकर पीएम का ये दौरा छोटा भले हो लेकिन इस दौरान वो तीन देशों की यात्रा करके विदेश नीति को मजबूत करेंगे ।इस बीच विदेश मंत्री सुषमा स्वराज भी सउदी अरब की यात्रा पर मंगलवार को रवाना हो रही हैं । हाल के दिनों में पूर्व के देशों के साथ संबंधों को नयी ऊंचाई देने के बाद पीएम मोदी और सरकार का ध्यान पश्चिम एशिया के देशों के साथ संबंधों का नया अध्या लिखने जा रहे हैं ।