प्रदेश मे किसानों के कल्याण तथा विकास के लिए कई योजनाएं

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डिंडोरी @ प्रदेश मे किसानों के कल्याण तथा विकास के लिए कई योजनाएं संचालित है। शासन की योजनाओं की जानकारी किसानों को देने के लिए प्रत्येक विकासखण्डों में ‘कृषक संगोष्ठी सह-तकनीकी प्रशिक्षण‘ कार्यक्र्रम का आयोजन किया जा रहा है। प्रशिक्षण कार्यक्रम में पॉच वर्ष में कृषि की आय को दुगुना करने के लिए उच्च तकनीकी से खेती करने तथा किसानों को उच्च किस्म के बीज, खाद, उरर्वक एवं कीटनाषक दवाईयाँ और मिट्टी का परीक्षण कर मिट्टी के अनुसार फसलों की पैदावार करने के बारे में बताया जा रहा है। प्रदेश शासन के मंत्री ओमप्रकाश धुर्वे खादय नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण श्रम रविवार को जनपद पंचायत बजाग में आयोजित ‘‘कृषक संगोष्ठी सह-तकनीकी प्रशिक्षण‘‘ कार्यक्र्रम को सम्बोधित कर रहे थे।

कार्यक्रम का शुभारम्भ मॉ सरस्वती जी के चित्र पर माल्यापर्ण कर किया गया। लोकनृत्य के द्वारा स्थानीय कलाकारों ने मंत्री ओमप्रकाश धुर्वे का स्वागत किया। आयोजित कार्यक्रम में जिला पंचायत उपाध्यक्ष गंगासिंह पटटा, जनपद पंचायत बजाग अध्यक्ष रूदेश सिंह परस्तें, सहित जिला एवं जनपद स्तरीय अधिकारी-कर्मचारी मौजूद थे। मंत्री धुर्वे ने कहा कि ग्राम-पंचायतों में मनरेगा के कार्यो के अंतर्गत मेढ-बंधान, भूमि समतली करण, कपिल-धारा कूपों का निर्माण करने के निर्देश दिए। जिससे किसान शासन की योजनाओं से लाभान्वित हो सकें। मंत्री धुर्वे ने आयोजित कार्यक्रम में किसानों को संबोधित करतें हुए कहा कि सभी किसान खेतों की मेढों में वृक्षारोपण करे। किसानों के द्वारा खेतों में वृक्षारोपण करने पर शासन के द्वारा उन्हें राशि भी प्रदान की जाती है।

खेती-किसानी के लिए सिंचाई सुविधाओं का किया गया विस्तार :-
मंत्री धुर्वे ने कहा कि जिलें में सिंचाई सुविधाओं का विस्तार करते हुए नहर एवं जलाशयों का निर्माण किया गया है। जिससे किसानों को खेतों मे पर्याप्त सिंचाई सुविधा उपलब्ध हो सके। उन्होने सिंचाई और निस्तार के लिए सभी जलाशयों मे पानी का भंडारण करने के निर्देश दिए है। मंत्री धुर्वे ने कहा कि जिलें के नदी-नालों मे बहते पानी को रोकने के लिए बोरी-बंधान किया जाए। इसी प्रकार से स्टाप डेम में भी पानी रोकने के निर्देश दिए गए है। जिससे नदी-नालों में बहते पानी को अधिक समय तक संचय करके रखा जा सके।

मंत्री धुर्वे ने कहा कि शासन द्वारा किसानो को उच्च तकनीकी की खेती करने के लिए कृषि उपकरण कृषि यंत्र एवं उनके खेतों में सिंचाई सुविधाए प्रदान की जा रही है। उन्होने कहा कि किसानों को कृषि कार्य करने के लिए भरपूर बिजली उपलब्ध कराई जा रही है। मंत्री धुर्वे ने कहा कि प्रदेश शासन द्वारा शासन की योजनाओं की जानकारी किसानों तक पहुंचाने के लिए गाँव-गाँव किसान मित्र एवं किसान दीदी रखे गए है। किसान मित्र एवं किसान दीदी किसानों को कृषि संबंधित जानकारी देते है। इससे किसानों को शासन की योजनाओं ,उच्च तकनीकी से खेती करने की जानकारी मिलती है।

मुख्यमंत्री भावान्तर भुगतान योजना में पंजीयन कराये:-
मंत्री धुर्वे ने कहा कि प्रदेश के किसानों को कृषि उपज का उचित मूल्य प्रदान करने के लिए राज्य शासन के द्वारा मुख्यमंत्री भावान्तर भुगतान योजना का शुभारम्भ किया गया है। इस योजना का लाभ लेने के लिए किसानों को 15 अक्टूबर-17 तक मुख्यमंत्री भावान्तर भुगतान योजना के पोर्टल में पंजीयन कराना होगा। मुख्यमंत्री भावान्तर योजना के अंतर्गत सोयाबीन, मूगफली, तिल, रामतिल, मक्का, मूग, उडद, एवं तुवर को शामिल किया है। मंत्री धुर्वे ने किसानो को अपनी आय को बढाने के लिए पशुपालन, बकरीपालन और मुर्गीपालन के व्यवसाय को भी अपनाने को कहा।

उन्होने कहा कि किसान पशुपालन, बकरीपालन एवं मुर्गीपालन व्यवसाय को अपनाकर अधिक से अधिक लाभ कमा सकते है और अपनी आय को बढा सकते है। इसके लिए पशु चिकित्सा विभाग द्वारा योजनाए संचालित है। मंत्री धुर्वे ने कहा कि किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अन्तर्गत फसलों का बीमा अनिवार्य रूप से कराने को कहा। जिससे किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अन्तर्गत फसल हानि होने पर मुआवजा दिया जा सके। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत एक निश्चित प्रीमियम राशि में किसानो की फसलों का नुकसान होने पर उन्हे मुआवजा प्रदान किया जाता है।

प्रदर्शनी का आयोजन:-
आयोजित ‘‘कृषक संगोष्ठी सह-तकनीकी प्रशिक्षण‘‘ कार्यक्र्रम में कृषि विभाग सहित अन्य विभागों के द्वारा प्रदेश शासन की योजनाओं और उपलब्धियो पर आधारित विकास प्रदर्शनी भी लगाई गई थी। प्रदर्शनी मे प्रदेश शासन की योजनाओ और उपलब्धियों पर आधारित पम्पलेट और फोल्डर भी वितरित किए गए।