गन्ने के उचित लाभकारी मूल्य में वृद्धि

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मोदी सरकार ने गन्ना किसानों के लिये बड़ा ऐलान करते हुये वर्ष 2018-19 के लिये गन्ने की एफआऱपी यानि उचित लाभकारी मूल्य को बढ़ाकर 275 रूपये प्रति क्विन्टल कर दिया है। गन्ने की नई कीमत इसके लागत मूल्य से 77 फीसदी से भी ज्यादा है।

गन्ना किसानों के लिये मोदी सरकार का एक और बड़ा फैसला ।वर्ष 2018-19 के लिये गन्ने के उचित लाभकारी मूल्य में बढ़त कर दी गई है।

अक्तूबर से शुरू हो रहे पेराई सत्र के लिये गन्ने का मूल्य 275 रूपये प्रति क्विन्टल तय की गई है । गन्ने के अनुमानित उपादन के देखते हुये सरकार के इस फैसले से गन्ना किसानों को करीब 83 हजार करोड़ रूपये मिलेंगे।

दरअसल एफआरपी वो कीमत है जो केन्द्र सरकार तय करती है ।यूपी समेत कई राज्य सरकारे गन्ने की कीमत का अलग से एलान करती है जो केन्द्र की गन्ने की एफआरपी से ज्यादा होता है ऐसे में केन्द्र सरकार के इस फैसले से देशभर से गन्ना किसानों का फायदा होगा

गौरतलब है कि गन्ना किसानों के जल्द बकाया भुगतान को लेकर भी मोदी सरकार कई कदमों का ऐलान कर चुकी है साथ ही चीनी उद्योग को भी राहत दी गई है। ऐसे में अब खरीफ की फसलों के समर्थन मूल्य में भारी इजाफे के बाद गन्ने के एफआरपी में बढ़ोत्तरी ये दिखाती है कि मोदी सरकार 2022 तक किसानों की आय को दोगुना करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है।