मित्रता दिवस : कार्य में प्रेरणा, आत्मविश्वास के लिए दोस्त जरुरी – योग गुरु महेश अग्रवाल

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मित्रता वह भावना है जो दो व्यक्तियों के  हृदयों को आपस में जोड़ती है! जो पुरे संसार को एक साथ बांधे रख सकती है.

आदर्श योग आध्यात्मिक केंद्र स्वर्ण जयंती पार्क कोलार रोड़ भोपाल के संचालक योग गुरु महेश अग्रवाल ने बताया कि अंतर्राष्ट्रीय  मित्रता दिवस हर वर्ष के अगस्त माह के पहले रविवार को मनाया जाता है. हर वर्ष दोस्ती के भाव को जिन्दा रखने के लिए एवं दोस्ती के पलों को यादगार बनाने के लिए अंतराष्ट्रीय मित्रता दिवस मनाया जाता है

योग गुरु अग्रवाल ने बताया कि अच्छे मित्रों का साथ चन्द्र और चन्दन दोनों की तुलना में अधिक शीतलता देने वाला होता है | दोस्त वह जो आपके अतीत को जानता है, आपके भविष्य में विश्वास करता है और आपको वैसे ही स्वीकार करता है जैसे आप है दोस्त खेल खेल में आपको परिपक्व और स्वस्थ बनाते हैं | वो जीवन के हर क्षेत्र में सफल होने की ऊर्जा और उत्साह देते हैं | बचपन की दोस्ती शरीर से स्वस्थ बनाती है

बचपन में दोस्तों के साथ बिताया गया समय और खेल आपको जीवनभर के लिए स्वस्थ बनाता है। बचपन में जो दोस्ती हमने बहुत आसानी से खेलखेल में बना ली थी, उसके स्वास्थ्य लाभ हमें तब भी मिलते रहते हैं, जब हम वयस्क हो जाते हैं। बचपन में आप अपने सबसे अच्छे दोस्तों के साथ खेलने में जितना अधिक समय बिताएंगे वयस्क होने पर आपको उसका फायदा संतुलित वजन और सही रक्तचाप के रूप में उतना ही अधिक मिलेगा।

जवानी की दोस्ती मन से ताकतवर बनाती है। दोस्त हमारे व्यक्तित्व को विकसित करते हैं। वे हमारी थॉट प्रोसेस, मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य की रक्षा करते हैं। मित्र आपको आत्म-विश्वास देते हैं और उनकी वजह से आप खुद की नजरों में ऊपर उठते हैं। दोस्त तनाव से होने वाले शारीरिक और मानसिक नुकसान को कम करते हैं।

अगर तनाव के समय आप दोस्तों के साथ समय बिताएं तो स्ट्रेस हार्मोन कार्टिसोल का स्तर कम होगा। जो लोग नर्सिंग, पुलिस या ऐसे ही अन्य तनावभरे पेशे में हों तो उनका दोस्ती का नेटवर्क अच्छा होना चाहिए ताकि वे तनाव को बेहतर हैंडल कर सकें। जो लोग दोस्तों के साथ अधिक समय बिताते हैं उनमें कॉलेस्ट्रॉल का स्तर कम होता है। इम्यून सिस्टम भी मजबूत होता है।

बुढ़ापे की दोस्ती दिमाग से सेहतमंद बनाती है. मजबूत दोस्ती आपके मस्तिष्क को हमेशा चौकन्ना बनाए रखती. है। अगर 80 साल की उम्र में भी आपके दोस्तों से संबंध और संपर्क है तो आपकी याददाश्त 40 साल की उम्र के व्यक्ति के समान हो सकती है। जिन बुजुर्ग महिलाओं का दोस्ती का सर्कल व्यापक होता है उनकी याद रखने, नई चीजें सीखने, ध्यान केंद्रित करने और निर्णय लेने की क्षमता बेहतर होती है। जिन लोगों को बुढ़ापे में भी दोस्तों का साथ मिलता है उनमें डिमेंशिया का खतरा 13 प्रतिशत तक कम होता है। दोस्ती ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखती है। अधिक दोस्त यानी गंभीर बीमारी से निकलकर फिर सेहतमंद होने की संभावना अन्य की तुलना में 50% अधिक।

योग अभ्यास में सूर्यनमस्कार के मंत्र ॐ मित्राय नमः  का मतलब जैसे सूरज हमारा सच्चा दोस्त है. एक सच्चे साथी की तरह हमसे प्यार करता है. हमेशा हमारे साथ रहता है. हम पर खुशियों बरसाता है. उनकी अनुपस्थिति में हम उसको बहुत याद करते हैं. जिस प्रकार सूर्य मित्रवत व्यवहार करते हुए सभी को समान रुप से अपनी गर्मी के साथ पेड़ों की शीतल छाया शीतल जल एवं उजाला देता हैं हमें भी इसीप्रकार लोगो के साथ सच्ची मित्रता रखते हुए व्यवहार करना चाहिये |