सुल्तानपुर: डॉक्टर ने रो रोकर सुनाई व्यथा, कहा- मुझे पीटा, फाड़ दिए कपड़े, वीडियो वायरल

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सुल्तानपुर। एल-वन हास्पिटल कादीपुर में तैनात डॉक्टर का वीडियो सामने आने पर स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मच गया है. आरोप है कि ड्यूटी पीरियड में डॉक्टर को संविदा कर्मियों ने बुरी तरह मारा पीटा और सीएचसी में तोड़फोड़ भी किया. मारापीट में डॉक्टर को गंभीर चोट आई है. वहीं पुलिस ने काफी जद्दोजहद के बाद डॉक्टर की एफआईआर दर्ज की है.

कादीपुर समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को एल-वन हास्पिटल बनाया गया है. यहां करौंदीकला ब्लॉक अंतर्गत आने वाली अमनाइकपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्राथमिक चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर सूर्यभान नाग की ड्यूटी लगाई गई है. इनके साथ बीते 21 मई को ड्यूटी के दौरान संविदा कर्मी शैलेंद्र सिंह और आनंद मोहन उर्फ रिंकू सिंह ने मारपीट किया. डॉक्टर सूर्यभान को गंभीर चोट आई है. विभाग द्वारा मदद नहीं मिलने पर मदद के लिए उनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है.

बिना मास्क लगाए एल-वन हास्पिटल में घुसा था संविदा कर्मी
वायरल वीडियो में डॉक्टर सूर्यभान ने बताया है कि एल-वन हास्पिटल कादीपुर में एमओआईसी राघवेंद्र प्रताप सिंह की रिलेटिव गीता भर्ती थीं. 21 मई को उसके अटेंडेंट प्राइवेट अस्पताल में इलाज के लिए वाराणसी रेफर करने के लिए बोल रहे थे. मैंने उनसे कहा कि हम इन्हें प्राइवेट अस्पताल में रेफर नहीं कर सकते हैं.

उसके अटेंडेंट दुव्र्यवहार करने लगे. तब तक एक संविदा कर्मी जो रोस्टर में ड्यूटी पर भी नहीं था वो बिना मास्क लगाए हुए आया और हमारे कमरे में घुस गया. यह कहने पर कि मास्क क्यों नहीं लगाए हो? उसने मुझे गाली देना शुरू कर दिया. मना करने पर उसने मारापीट किया और मेरे कपड़े फाड़े.

उन्होंने ये भी बताया कि हमने एमओआईसी को फोन किया तो वे नहीं उठाए, फिर आए तो उनके सामने भी टिंकू सिंह आदि ने मारपीट की. मैंने अपने अधीक्षक से कहा कि हमारे साथ चलकर के एफआईआर करवाइए, हमारे साथ मारपीट हुई है. वो हमसे बोलते हैं हम तुम्हारे साथ क्यों जाएंगे, हमें जाना होगा तो इनके साथ जाएंगे ये हमारे कास्ट के लोग हैं. इनके साथ सही से रहो वरना हम तुम्हें विभागीय रूप से इतना परेशान कर देंगे कि तुम नौकरी छोड़कर भाग जाओगे.

हम अकेले एफआईआर लिखवाने गए, बहुत मुश्किलों सें हमारी एफआईआर लिखी गई. हम थाने से एफआईआर कराकर लौट रहे थे तो दो अज्ञात लोगों ने धमकी दी कि इनके खिलाफ जाओगे तो मार दिए जाओगे. हमारी कोई सुनवाई नहीं हो रही है, रोते हुए उन्होंने कहा हमारे एमओआईसी अब हमारे खिलाफ दुष्प्रचार कर रहे हैं कि हम शराब पीते हैं, हम पैसा खाते हैं.